अपडेट: 4 अक्टूबर 2026
उत्तर प्रदेश में कृषि विभाग की यंत्र बुकिंग से अभी किसी अकेले किसान को ट्रैक्टर पर अनुदान नहीं मिल रहा। 16 जुलाई से 10 अगस्त 2026 तक खुली बुकिंग में ड्रोन, कस्टम हायरिंग सेंटर, फार्म मशीनरी बैंक, फसल अवशेष मशीनें, स्प्रेयर, थ्रेशर जैसे यंत्र थे, और उसकी रिपोर्टों में ट्रैक्टर का नाम नहीं है। योजना जिन केंद्रों को पैसा देती है वे हायरिंग सेंटर और मशीनरी बैंक हैं, किसी का अपना ट्रैक्टर नहीं।
इसलिए UP में ट्रैक्टर खरीदने वाले को अनुदान के बजाय लोन और किराये पर सोचना चाहिए। नीचे की बुकिंग फिर भी काम की है, क्योंकि ट्रैक्टर के पीछे लगने वाले यंत्र इसी से मिलते हैं। राष्ट्रीय नियम ट्रैक्टर सब्सिडी पेज पर हैं।
2026 की बुकिंग में क्या था
- योजनाएं: कृषि यंत्रीकरण उप-मिशन (SMAM) और फसल अवशेष प्रबंधन (CRM) योजना। एक रिपोर्ट RKVY का भी नाम लेती है।
- रिपोर्टों में आए यंत्र: कृषि ड्रोन, फार्म मशीनरी बैंक, कस्टम हायरिंग सेंटर, सुपर सीडर, हैरो, कल्टीवेटर, रोटावेटर, स्ट्रा रीपर, मल्टी क्रॉप थ्रेशर, पावर चैफ कटर, कंबाइन हार्वेस्टर, स्प्रेयर (हाथ, पावर और बैटरी चालित), मिलेट प्लांटर और थ्रेशर, बेड प्लांटर, मक्का शेलर, पॉपिंग मशीन, बैच ड्रायर, दाल मिल और ट्रैक माउंटेड गन्ना हार्वेस्टर।
- ट्रैक्टर: इन रिपोर्टों में किसी व्यक्तिगत किसान के लिए नहीं आया। राष्ट्रीय SMAM तालिका में ट्रैक्टर हैं, पर कौन से यंत्र खोलने हैं यह राज्य तय करता है, और रिपोर्ट के अनुसार 2026 की UP सूची में ट्रैक्टर नहीं है।
- आदेश: ETV भारत के अनुसार बुकिंग 4 जून 2026 के शासनादेश (संख्या 36/2026/676/1918166/12-2099/119/2025) के तहत हुई।
पोर्टल और टोकन राशि
बुकिंग कृषि विभाग की वेबसाइट agriculture.up.gov.in पर किसान कॉर्नर के "यंत्र बुकिंग प्रारम्भ" लिंक से होती है। 2025 की एक रिपोर्ट में इसी लिंक के लिए agridarshan.up.gov.in का नाम था। बुकिंग विकासखंड के अनुसार होती है।
| मशीन पर अनुदान | टोकन राशि (वापसी योग्य) |
|---|---|
| ₹10,001 से ₹1,00,000 | ₹2,500 |
| ₹1,00,000 से अधिक | ₹5,000 |
- एक मोबाइल नंबर पर एक बुकिंग टोकन मिलता है। जरूरत हो तो माता पिता, भाई बहन या बच्चे का नंबर लगाया जा सकता है।
- चयन: Rural Voice इसे पहले आओ पहले पाओ बताता है, जबकि ETV भारत की फर्रुखाबाद रिपोर्ट के अनुसार टोकन की पुष्टि के बाद ई-लॉटरी होती है। दोनों को मिलाकर: टोकन बुकिंग पहले आओ पहले पाओ पर खुलती है, और जहां बुकिंग लक्ष्य से ज्यादा हो वहां लॉटरी तय करती है।
अनुदान की दरें
2026 की बुकिंग की रिपोर्टों में प्रतिशत और रुपये की सीमा नहीं छपी, और पूरी विभागीय सूचना उनमें नहीं दी गई। रिपोर्ट के अनुसार केंद्रों की परियोजना लागत SMAM कस्टम हायरिंग सेंटर और मिनी सेंटर के लिए ₹10 लाख, CRM सेंटर के लिए ₹30 लाख और FPO के लिए ₹100 लाख है। हर यंत्र का प्रतिशत विभाग की वेबसाइट की सूचना में है। UP के लिए ट्रैक्टर की कोई दर यहां इस्तेमाल किए गए किसी स्रोत में नहीं छपी, इसलिए नहीं दी गई।
पात्रता और दस्तावेज
एक गाइड दस्तावेजों में आधार से जुड़ा मोबाइल और बैंक खाता, भूमि रिकॉर्ड (खतौनी या LPC की कॉपी), UP का निवास प्रमाण और राज्य के किसान सेवा पोर्टल पर पंजीकरण बताती है। गाइड गौण स्रोत है, इसलिए अपने ब्लॉक की सूचना से मिलान करें।
टोकन बुकिंग के बाद के कदम
- agriculture.up.gov.in खोलें, किसान कॉर्नर में जाएं और "यंत्र बुकिंग प्रारम्भ" चुनें।
- लॉगिन करें, यंत्र और ब्लॉक चुनें और टोकन राशि ऑनलाइन जमा करें।
- नतीजे का इंतजार करें। चयन न होने पर टोकन वापस मिलता है, एक गाइड के अनुसार 6 महीने के भीतर।
- चयन होने पर तय समय में पंजीकृत डीलर से खरीदें, एक गाइड के अनुसार 30 से 45 दिन।
- बिल और फोटो अपलोड करें। फिर जिले के अधिकारी मौके पर मशीन का सत्यापन करते हैं।
- सत्यापन के बाद अनुदान DBT से बैंक खाते में जाता है।
यह सूची गाइड से है, पोर्टल से नहीं, इसलिए जहां स्क्रीन अलग हो वहां स्क्रीन के अनुसार चलें।
तारीखें
बुकिंग 16 जुलाई 2026 को दोपहर 12 बजे से 10 अगस्त 2026 की मध्यरात्रि तक चली। पहले की घोषणा में अंतिम तारीख 30 जुलाई थी। नई खिड़की की घोषणा अभी नहीं हुई है।
UP में ट्रैक्टर चाहिए तो
- लोन: ट्रैक्टर लोन पेज पर बैंकों की तुलना करें और EMI कैलकुलेटर से मासिक किस्त निकालें।
- कीमत: ट्रैक्टर पर एक्स-शोरूम कीमत और ऑन-रोड प्राइस टूल पर पूरा खर्च देखें।
- डीलर: ट्रैक्टर डीलर देखें।
- यंत्र: ऊपर की बुकिंग इन्हीं का अनुदान देती है। पहले यंत्र देखें, फिर सब्सिडी फाइंडर देखें।
- किराया: UP की योजना असल में कस्टम हायरिंग सेंटर और फार्म मशीनरी बैंक को पैसा देती है, इसलिए पास में ट्रैक्टर अक्सर किराये पर मिल सकता है।
बिना सब्सिडी के ट्रैक्टर खरीद की योजना
- पूरी ऑन-रोड कीमत का बजट बनाएं, क्योंकि अभी UP में किसी अकेले किसान के लिए कोई सब्सिडी उसे घटाती नहीं।
- अगर आगे की UP बुकिंग में ट्रैक्टर जुड़ें, तो ऊपर की टोकन राशि और खरीद की खिड़की बताती है कि प्रक्रिया कैसे चलेगी, इसलिए भूमि रिकॉर्ड और आधार से जुड़ा बैंक खाता तैयार रखें।
- योजना में बुक किए यंत्रों का अनुदान सत्यापन के बाद DBT से आता है, इसलिए पूरी कीमत पहले देनी होती है और यह नकद पहले से सोच लें।
किससे संपर्क करें
ETV भारत किसानों को अपने जिले के उप कृषि निदेशक कार्यालय से संपर्क करने को कहता है। विभाग का कोई हेल्पलाइन नंबर पुष्ट नहीं हुआ।
स्रोत
- ETV Bharat Hindi, UP agricultural machinery subsidy booking from 16 July 2026 (news report of the department notice; secondary source)
- ETV Bharat Hindi, Farrukhabad booking and e-lottery report, 21 July 2026 (secondary source)
- Rural Voice, Uttar Pradesh opens online booking for subsidised farm machinery (secondary source)
- Kisan India, UP farm machinery subsidy online booking under SMAM and CRM (secondary source)
- YourDTSeva, UP Krishi Yantra booking and token steps (guide, secondary source, used only for the step list)
- SMAM operational guidelines, revised 2018-19, Annexure II (c), national tractor norms (official PDF, hosted at agrimachinery.nic.in)