राजस्थान में जौ: रकबा, उत्पादन और उपज
2024-25 में राजस्थान में जौ का उत्पादन 12,22,532 टन (3,29,790 हेक्टेयर में, औसत उपज 3,707 किग्रा/हे.) रहा - ज़िलेवार आंकड़ों के अनुसार राज्यों में 1वां स्थान, देश के उत्पादन का 64%। 2019-20 की तुलना में उत्पादन +15% बदला।
| वर्ष | रकबा (हेक्टेयर) | उत्पादन (टन) | उपज (किग्रा/हे.) |
|---|---|---|---|
| 2019-20 | 3,01,244 | 10,62,536 | 3,527 |
| 2020-21 | 2,60,482 | 9,11,869 | 3,501 |
| 2021-22 | 2,00,465 | 7,11,000 | 3,547 |
| 2022-23 | 3,30,754 | 11,25,615 | 3,403 |
| 2023-24 | 2,82,666 | 10,35,971 | 3,665 |
| 2024-25 | 3,29,790 | 12,22,532 | 3,707 |
राजस्थान में जौ के सबसे बड़े उत्पादक ज़िले (2024-25)
- Sri Ganganagar: 3,57,767 टन (29%), उपज 4,416 किग्रा/हे.
- Jaipur: 1,66,644 टन (14%), उपज 3,752 किग्रा/हे.
- Hanumangarh: 1,03,921 टन (9%), उपज 4,077 किग्रा/हे.
- Sikar: 97,806 टन (8%), उपज 3,572 किग्रा/हे.
- Bhilwara: 89,345 टन (7%), उपज 3,125 किग्रा/हे.
स्रोत: अर्थशास्त्र एवं सांख्यिकी निदेशालय, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार (अंतिम अनुमान), UPAg के माध्यम से। राज्य का आंकड़ा = ज़िलेवार अनुमानों का जोड़।
राजस्थान में जौ की खेती
राजस्थान भारत में जौ का सबसे बड़ा उत्पादक है। ऊपर दिए गए भाव राजस्थान की APMC मंडियों के थोक भाव हैं। असली भाव ग्रेड, नमी और आवक पर निर्भर करता है।
जौ एमएसपी और खरीद
जौ का न्यूनतम समर्थन मूल्य ₹2,150/क्विंटल है। राजस्थान में सरकारी एजेंसियां इसी भाव पर खरीदती हैं, इसलिए एमएसपी से कम पर न बेचें।
राजस्थान में जौ कहां बेचें
नज़दीकी APMC मंडी में बेचें, 2-3 मंडियों के भाव की तुलना करें, फसल ग्रेड करें (15-20% ज्यादा दाम), और eNAM पर रजिस्टर करें।