सब्जा (स्वीट बेसिल का बीज) भारत में बहुत कम पानी और कम छिड़काव से उगाया जा सकता है, लेकिन मिले किसी भी भारतीय शोध पत्र में बीज उपज उस 6 से 8 क्विंटल प्रति एकड़ के आसपास नहीं है जो खेती गाइड बताते हैं। मिले एकमात्र नियंत्रित परीक्षण (CSIR-CIMAP, Pantnagar) में 173 से 211 किलो प्रति हेक्टेयर, यानी लगभग 70 से 85 किलो प्रति एकड़ मिला, इसलिए सब्जा को खरीदार तय करके छोटे प्लॉट पर आजमाएँ, किसी वादे पर बड़े पैमाने पर न लगाएँ।

सब्जा Ocimum basilicum का बीज है। यह चिया नहीं है, जो अलग पौधा है (देखें चिया बीज), और यह पवित्र तुलसी (Ocimum tenuiflorum) भी नहीं है।

भारत में कहाँ उगता है

  • स्वीट बेसिल भारत में मुख्यतः उसके आवश्यक तेल (CSIR-CIMAP की किस्में) और जड़ी-बूटी के लिए उगाई जाती है; सब्जा बीज एक सहायक बाजार है। इस शोध में सब्जा बीज के राज्यवार क्षेत्र या उत्पादन के कोई आधिकारिक आँकड़े नहीं मिले, इसलिए अपने KVK, राज्य बागवानी विभाग या नजदीकी सब्जा व्यापारी से पूछें कि बाजार को किन जिलों से आपूर्ति होती है।
  • परीक्षण स्थल: CIMAP Pantnagar (तराई, उत्तराखंड, दोमट रेतीली मिट्टी, pH 7.2), Mandsaur (मध्य प्रदेश, जर्मप्लाज्म परीक्षण) और CCS HAU Hisar (अर्ध-शुष्क हरियाणा, 40 जीनोटाइप)।
  • जलवायु और मिट्टी: एक खेती गाइड 16 से 26 डिग्री सेल्सियस को सबसे अच्छा बताता है, लाल रेतीली दोमट सबसे अच्छी, सूखा कुछ हद तक सहने वाली और जलभराव न सहने वाली। CIMAP के अनुसार लंबे दिन और ऊँचा तापमान वृद्धि के अनुकूल हैं।
  • मौसम: गाइड जून से जुलाई (खरीफ) या सितंबर से अक्टूबर (रबी) में बुवाई और वर्षा में 4 से 5 महीने में कटाई बताता है। Pantnagar परीक्षण में पौध जुलाई के अंत में रोपी गई और फसल लगभग 110 से 119 दिन में पकी।

किस्में और रोपण सामग्री

  • सब्जा बीज के लिए विशेष रूप से बनी कोई जारी किस्म नहीं मिली। Pantnagar के बीज परीक्षण में CIMAP की तेल-प्रकार की बेसिल CIM-Saumya का उपयोग हुआ। Mandsaur में 20 ICAR-AICRP जर्मप्लाज्म लाइनों के परीक्षण में एक लाइन, IC-0622536, ने उस परीक्षण में सबसे ज्यादा बीज (29.57 ग्राम प्रति पौधा) दिया; ये लाइनें शोध सामग्री हैं, खरीदने योग्य बीज नहीं।
  • सब्जा के लिए बीज की गुणवत्ता का मतलब है साफ, एकसमान काला बीज जो पानी में अच्छा फूले। बीज चुनने से पहले खरीदार से पूछें कि वह किन बातों की जाँच करता है।

बुवाई और दूरी

  • बीज दर: एक खेती गाइड सीधी बुवाई के लिए 1.5 से 2 किलो प्रति एकड़ (3.7 से 5 किलो प्रति हेक्टेयर) बताता है। CIMAP नर्सरी में पौध तैयार कर 3 से 4 पत्ती की अवस्था पर रोपता है।
  • बुवाई की तारीख मायने रखती है: Pantnagar परीक्षण में 23 जुलाई की रोपाई ने 8 अगस्त की तुलना में लगभग 21% ज्यादा उपज दी।
  • दूरी: चौड़ी दूरी पर ज्यादा बीज मिला क्योंकि हर पौधे पर ज्यादा फूल की बालियाँ आती हैं:
उपचारस्तरबीज उपज (किलो/हेक्टेयर)टिप्पणी
बुवाई की तारीख (CIM-Saumya, 50 x 30 से 50 x 60 सेमी)23 जुलाई210.7ऊँचे पौधे, पकने में 118.7 दिन
30 जुलाई184.0115.7 दिन
8 अगस्त173.3110.7 दिन
दूरी (पंक्ति x पौधा)बीज उपज (किलो/हेक्टेयर)पौधे प्रति एकड़
50 x 30 सेमी176.7लगभग 27,000
50 x 45 सेमी186.7लगभग 18,000
50 x 60 सेमी204.7लगभग 13,500

पोषण और सिंचाई

  • परीक्षण की मात्रा: 100 किलो N, 40 किलो P2O5 और 40 किलो K2O प्रति हेक्टेयर (लगभग 40, 16 और 16 किलो प्रति एकड़)।
  • खेती गाइड: सिंचाई में 4 टन FYM के साथ 36:16:16 किलो NPK प्रति एकड़ (लगभग 89:40:40 प्रति हेक्टेयर)। इसे द्वितीयक स्रोत मानें।
  • मिट्टी सूखने पर पानी दें; फसल सूखा सह लेती है पर जड़ों के पास पानी नहीं सह सकती। खेत निराई करके साफ रखें (परीक्षण में हाथ से निराई हुई) और सिंचाई का समय अपने KVK से पक्का करें।
  • देखे गए स्रोतों में कीट और रोग बड़ी समस्या नहीं हैं। अगर पत्ती धब्बे या कीट दिखें तो लेबल देखें और अपने KVK से पूछें, क्योंकि बीज खाया जाता है।

कटाई और उपज

  • शारीरिक परिपक्वता पर कटाई करें, जब पौधे पीले पड़ जाएँ और बालियाँ सूख जाएँ। काटें, साफ चादर पर सुखाएँ, धीरे से मड़ाई करें और फटकें। बीज साफ और सूखा रखें, क्योंकि खरीदार सफाई पर भुगतान करता है।
  • परीक्षण की उपज: Pantnagar परीक्षण में 173 से 211 किलो प्रति हेक्टेयर (लगभग 70 से 85 किलो प्रति एकड़)। सबसे अच्छे उपचार में जल्दी बुवाई से 210.7 किलो प्रति हेक्टेयर मिला, और 50 x 60 सेमी पर 204.7 किलो प्रति हेक्टेयर।
  • खेती गाइड की उपज: 6 से 8 क्विंटल प्रति एकड़ (लगभग 15 से 20 क्विंटल प्रति हेक्टेयर), और 3.5 महीने बाद संभावित रैटून फसल। यह परीक्षण के आँकड़े से लगभग सात से नौ गुना है और इसे समर्थन देने वाला कोई भारतीय परीक्षण नहीं मिला; जब तक कोई स्थानीय किसान अपनी फसल न दिखाए, इस पर बजट न बनाएँ।

लागत और आमदनी

  • भाव: एक खेती गाइड बीज के लिए ₹10,000 से ₹12,000 प्रति क्विंटल (₹100 से ₹120 प्रति किलो) और खुदरा ₹350 से ₹500 प्रति किलो बताता है। सब्जा बीज का कोई Agmarknet मंडी भाव नहीं मिला। व्यापारी से ताजा भाव और ग्रेड की शर्तें पूछें।
  • लागत: गाइड के अनुसार 10% आकस्मिक खर्च सहित ₹21,780 प्रति एकड़ (द्वितीयक स्रोत)।
  • हिसाब, दो स्थितियाँ: (क) गाइड की उपज 7 क्विंटल x ₹10,000 से ₹12,000 = ₹70,000 से ₹84,000 कुल, गाइड के हिसाब से शुद्ध लगभग ₹48,000। (ख) परीक्षण की उपज 70 से 85 किलो x ₹100 से ₹120 = ₹7,000 से ₹10,200 कुल, जो ₹21,780 की लागत भी नहीं निकालती। असली नतीजा इन दोनों के बीच होगा, और यही अंतर मुख्य जोखिम है।
💡 सुझाव: पहले चौथाई एकड़ लगाएँ, अपनी फसल खुद तौलें, और बढ़ाने से पहले खरीदार से बीज की जाँच करा लें। महँगे बीज के पैकेट से जुड़े वापस-खरीद के वादों से खास सावधान रहें।

बाजार और जोखिम

  • सब्जा फालूदा और शरबत बनाने वालों, आयुर्वेदिक और हेल्थ-फूड विक्रेताओं और निर्यातकों को जाता है। एक खेती गाइड के अनुसार हर साल लगभग 1,500 टन निर्यात होता है, मुख्यतः अरब देशों को (द्वितीयक आँकड़ा)। निर्यात खरीदार देखें।
  • छोटे विशेष बीज बाजार तब गिर सकते हैं जब ऊँचे भाव वाले साल के बाद बहुत से किसान लगा दें। व्यापारियों से पूछें कि वे असल में कितने टन संभालते हैं।
  • उत्पादकों के समूह FPO के जरिए इकट्ठा बेच सकते हैं। सब्जा के लिए कोई सत्यापित सब्सिडी दर नहीं मिली; जिला बागवानी कार्यालय से पूछें, या सब्सिडी खोजक देखें।

स्रोत