मध्य प्रदेश में जौ: रकबा, उत्पादन और उपज

2024-25 में मध्य प्रदेश में जौ का उत्पादन 42,135 टन (23,995 हेक्टेयर में, औसत उपज 1,756 किग्रा/हे.) रहा - ज़िलेवार आंकड़ों के अनुसार राज्यों में 4वां स्थान, देश के उत्पादन का 2%। 2019-20 की तुलना में उत्पादन -33% बदला।

वर्षरकबा (हेक्टेयर)उत्पादन (टन)उपज (किग्रा/हे.)
2019-2029,73363,3512,131
2020-2125,17948,3321,920
2021-2216,20632,8892,029
2022-2324,17439,0011,613
2023-2419,00033,0601,740
2024-2523,99542,1351,756

मध्य प्रदेश में जौ के सबसे बड़े उत्पादक ज़िले (2024-25)

  1. Chhatarpur: 17,007 टन (40%), उपज 1,772 किग्रा/हे.
  2. Singrauli: 5,824 टन (14%), उपज 1,756 किग्रा/हे.
  3. Satna: 2,983 टन (7%), उपज 1,880 किग्रा/हे.
  4. Shivpuri: 2,926 टन (7%), उपज 1,750 किग्रा/हे.
  5. Tikamgarh: 2,149 टन (5%), उपज 1,905 किग्रा/हे.

स्रोत: अर्थशास्त्र एवं सांख्यिकी निदेशालय, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार (अंतिम अनुमान), UPAg के माध्यम से। राज्य का आंकड़ा = ज़िलेवार अनुमानों का जोड़।

मध्य प्रदेश में जौ की खेती

मध्य प्रदेश भारत में जौ का 3वां सबसे बड़ा उत्पादक है। ऊपर दिए गए भाव मध्य प्रदेश की APMC मंडियों के थोक भाव हैं। असली भाव ग्रेड, नमी और आवक पर निर्भर करता है।

जौ एमएसपी और खरीद

जौ का न्यूनतम समर्थन मूल्य ₹2,150/क्विंटल है। मध्य प्रदेश में सरकारी एजेंसियां इसी भाव पर खरीदती हैं, इसलिए एमएसपी से कम पर न बेचें।

मध्य प्रदेश में जौ कहां बेचें

नज़दीकी APMC मंडी में बेचें, 2-3 मंडियों के भाव की तुलना करें, फसल ग्रेड करें (15-20% ज्यादा दाम), और eNAM पर रजिस्टर करें।