कन्याकुमारी ज़िले में खेती: पूर्वी तटीय मैदान और पहाड़ियाँ
तमिलनाडु मुख्य रूप से पूर्वी तटीय मैदान और पहाड़ियाँ कृषि-जलवायु क्षेत्र में आता है (गर्म आर्द्र, पूरे क्षेत्र में सालाना 780-1300mm बारिश)। इस क्षेत्र में डेल्टा के धान के कटोरे (कावेरी, गोदावरी, महानदी), नारियल और मिर्च के साथ आम है, मिट्टी ज़्यादातर तटीय जलोढ़ और लाल दोमट है और आमतौर पर धान / चावल, गन्ना, मूँगफली, नारियल, मिर्च, तिलहन उगाई जाती हैं।
ये पूरे कृषि-जलवायु क्षेत्र के तथ्य हैं (ICAR / योजना आयोग वर्गीकरण), कन्याकुमारी की फसल गणना नहीं। मौसम वाले हिस्से में कन्याकुमारी की अपनी मासिक बारिश और तापमान दिए गए हैं।
सिंचाई और मिट्टी
ड्रिप और सोलर पंप सब्सिडी से पानी और बिजली की लागत घटती है। एक ही क्षेत्र में भी खेत-खेत की मिट्टी अलग होती है, इसलिए मुफ्त मृदा स्वास्थ्य कार्ड ही आपके खेत की सही ज़रूरत बताता है।
कन्याकुमारी में असल में क्या उगाया जाता है: सरकारी फसल आंकड़े
2024-25 में कन्याकुमारी में सबसे ज़्यादा रकबे वाली फसलें धान / चावल, उड़द, मूँगफली थीं। अकेले धान / चावल का रकबा 14,651 हेक्टेयर (नीचे दी गई फसलों के कुल रकबे का 97%) था, और इसकी उपज 3,703 किग्रा/हेक्टेयर तमिलनाडु के औसत से 12% ज़्यादा रही। 2019-20 के बाद से सबसे बड़ा बदलाव: धान / चावल का रकबा +34%।
| फसल | रकबा (हेक्टेयर) | उत्पादन (टन) | उपज (किग्रा/हे.) | तमिलनाडु औसत उपज | रकबा बदलाव (2019-20 से) |
|---|---|---|---|---|---|
| धान / चावल | 14,651 | 54,253 | 3,703 | 3,305 | +34% |
| उड़द | 389 | 191 | 490 | 470 | +17% |
| मूँगफली | 11 | 24 | 2,177 | 2,294 | +170% |
| तिल | 2 | 1 | 487 | 505 | - |
स्रोत: अर्थशास्त्र एवं सांख्यिकी निदेशालय, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार (अंतिम अनुमान), UPAg के माध्यम से। खेत फसलों के आंकड़े; सब्ज़ी, फल और मसाले इसमें शामिल नहीं। तमिलनाडु औसत = राज्य के सभी ज़िलों के अनुमानों का जोड़।
कन्याकुमारी का मौसम और बुवाई का समय
कन्याकुमारी में सालाना औसतन लगभग 1293 मिमी बारिश होती है, जिसका 36% जून-सितंबर में आता है। सबसे ज़्यादा बारिश अक्टूबर में (246 मिमी) होती है। सबसे गर्म महीना मार्च है (दिन का औसत 35°C) और सबसे ठंडी रातें जनवरी में (औसत 19°C) होती हैं।
- भारत के ज़्यादातर हिस्सों से अलग, कन्याकुमारी की 41% बारिश अक्टूबर-दिसंबर में उत्तर-पूर्वी मानसून से होती है, इसलिए यहां खेती का मुख्य कैलेंडर जून की बुवाई के बजाय उसी मौसम पर चलता है।
- जनवरी में भी दिन का औसत तापमान 29°C रहता है, जो गेहूँ की अच्छी पैदावार के लिए ज़्यादा गर्म है; ठंड के मौसम में गर्मी सहने वाली दलहन, तिलहन और सब्ज़ियां बेहतर रहती हैं।
| महीना | बारिश (मिमी) | औसत अधिकतम | औसत न्यूनतम |
|---|---|---|---|
| जनवरी | 13 | 29° | 19° |
| फ़रवरी | 16 | 33° | 20° |
| मार्च | 42 | 35° | 22° |
| अप्रैल | 90 | 34° | 24° |
| मई | 136 | 31° | 24° |
| जून | 136 | 29° | 23° |
| जुलाई | 110 | 28° | 22° |
| अगस्त | 85 | 29° | 22° |
| सितंबर | 137 | 29° | 22° |
| अक्टूबर | 246 | 29° | 22° |
| नवंबर | 221 | 28° | 21° |
| दिसंबर | 61 | 27° | 20° |
स्रोत: NASA POWER दीर्घकालिक मासिक औसत (उपग्रह और मॉडल आधारित, तटीय और पहाड़ी इलाकों में बारिश कुछ कम दिखा सकते हैं), कन्याकुमारी ज़िले के केंद्र (8.25, 77.25) के लिए। यह औसत है, किसी साल का पूर्वानुमान नहीं। इस हफ़्ते के मौसम के लिए मौसम पूर्वानुमान देखें।
कन्याकुमारी के किसानों के लिए: सोलर पंप और ट्रैक्टर
कन्याकुमारी के पास के ज़िले
बेचने से पहले पास के ज़िलों की मंडियों के भाव भी देखें (दूरी ज़िला केंद्रों के बीच सीधी रेखा में):
- तिरुवनंतपुरम, Kerala - 42 km
- तिरुनेलवेली - 49 km
- कोल्लम, Kerala - 91 km
- तेनकासी - 97 km
- थूथुकुडी - 105 km
- पत्तनमतिट्टा, Kerala - 118 km
कन्याकुमारी ज़िले में किसान योजनाएं
कन्याकुमारी, तमिलनाडु के किसान सभी प्रमुख केंद्रीय और राज्य योजनाओं के पात्र हैं। सबसे ज़रूरी योजनाएं: