शुरुआती लोगों के लिए मशरूम की खेती गाइड
मशरूम खेती क्यों करें?
मशरूम (खुंबी) की मांग भारत सहित दुनियाभर में तेजी से बढ़ रही है। मशरूम की खेती कम जमीन, कम पानी और थोड़ा-सा प्रयास में शुरू की जा सकती है। यह एक जैविक और लाभकारी कृषि व्यवसाय है, जिसमें कम समय में अच्छा मुनाफा कमाया जा सकता है।
शुरुआत करने से पहले क्या जानना जरूरी है?
- सही मशरूम की प्रजाति चुनना
- पर्यावरणीय परिस्थितियों की जानकारी
- स्पॉन (बीज) और स्ट्रॉ (भूसा) की उपलब्धता
- प्रशिक्षण और तकनीकी जानकारी
मशरूम की प्रमुख किस्में
- बटन मशरूम: सबसे लोकप्रिय और व्यापारिक किस्म
- ऑयस्टर मशरूम: आसान और कम लागत में उगाई जाने वाली
- शिटाके मशरूम: उच्च कीमत पर बिकने वाली विदेशी किस्म
कैसे करें मशरूम की खेती की शुरुआत?
1. स्थान और ढांचा तैयार करना
मशरूम को उगाने के लिए एक साफ-सुथरा, छायादार और नमी युक्त स्थान चाहिए। इसके लिए आप कोई कमरा, गोदाम या झोपड़ी का उपयोग कर सकते हैं।
2. सामग्री एकत्रित करें
- स्पॉन (बीज)
- गेंहू या धान का भूसा
- काले पॉलीबैग
- पानी छिड़कने के लिए स्प्रे बोतल
- थर्मामीटर व ह्यूमिडिटी मीटर (यदि संभव हो)
3. सब्सट्रेट तैयार करना
भूसे को काटकर उसे गर्म पानी में उबालें और अच्छे से सुखा लें। फिर उसमें स्पॉन मिलाएं और बैग्स में भर दें। बैग्स में छेद करें और उन्हें किसी धूपरहित शेल्फ पर टांग दें।
4. तापमान और नमी बनाए रखें
- ऑयस्टर मशरूम के लिए: 20–30°C
- नमी: 80–90%
- प्रति दिन 1–2 बार पानी का छिड़काव करें
5. फसल की कटाई
15–21 दिनों में मशरूम निकलने लगते हैं। जब इसका आकार पूरा हो जाए, तो उसे धीरे से हाथों से तोड़ लें।
मुनाफा और बाजार
प्रति किलो ऑयस्टर मशरूम की बाजार में कीमत ₹100–₹200 तक हो सकती है। ग्रामीण क्षेत्रों से निकटतम मंडियों, सुपर मार्केट्स या सीधे ग्राहकों को बेचना फायदेमंद हो सकता है।
जरूरी सुझाव
- हमेशा साफ-सफाई बनाए रखें
- संक्रमण से बचाव के लिए हाथ धोकर काम करें
- छोटे स्तर पर शुरुआत करें, फिर धीरे-धीरे विस्तार करें
- राज्य कृषि विभाग या कृषि विज्ञान केंद्र से प्रशिक्षण लें
निष्कर्ष
मशरूम की खेती एक लाभदायक व्यवसाय है, जिसे कोई भी भारतीय किसान कम लागत और थोड़े प्रशिक्षण से शुरू कर सकता है। यह पारंपरिक खेती का एक बेहतरीन विकल्प बनकर उभर रहा है।
अब आपकी बारी है!
यदि आप भी अपनी कमाई बढ़ाना चाहते हैं और खेती में कुछ नया करना चाहते हैं, तो आज ही मशरूम की खेती शुरू करें। अपने नजदीकी कृषि विज्ञान केंद्र से मार्गदर्शन लें और सरकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त करें।